Tag: अवसरवाद
लालू-नीतीश तलाक प्रसंग: हम विचारों को बदलते रोज़ लुंगी की तरह, मुल्क को अब है बजाना रोज़ पुंगी की तरह!
On : --नेता और एक आम आदमी में क्या फ़र्क़ होता है, इसकी सबसे अच्छी मिसाल मुझे घर में ही मिल जाती है। मेरे पिताजी ने भी छात्र जीवन में जेपी आंदोलन में हिस्सा लिया था, राजनीति में गहरी दिलचस्पी थी, लेकिन जीवन की…
चार साल के भीतर मोदी-आरएसएस की गोदी में वापस आ बैठना नीतीश की बहुत बड़ी हार है!
On : --आज की पहली बधाई बीजेपी को, जिसने बिहार में हारी हुई बाज़ी को भी आख़िरकार जीत में तब्दील कर लिया। 2015 की हार मामूली नहीं थी, लेकिन 20 महीने के भीतर उससे उबरते हुए राज्य की आधी सरकार हथिया लेना, अपने मुख्य…
